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स्टॉक एक्सचेंज में निवेश के तरीके

स्टॉक एक्सचेंज में निवेश के तरीके
शेयर बाजार में पहली बार निवेश करने से पहले जान लें इन 8 बातों को

शेयर बाजार में निवेश (Share Bazar Mein Invest) कैसे करें

शेयर बाजार में निवेश (Share Bazar Mein Invest) को लेकर पिछले कुछ सालों में स्टॉक एक्सचेंज में निवेश के तरीके भारतीयों में काफी जागरूकता बढ़ी है। अगर आप भी शेयर बाजार में निवेश (Share Bazar Mein Invest) करना चाह रहे हैं, लेकिन समझ में नहीं आ रहा है कि कैसे निवेश करना है, तो यहां जानें इसका तरीका। शेयर बाजार में निवेश (Share Bazar Mein Invest) करना अब काफी आसान है। आप कहीं भी बैठे बैठे शेयर बाजार (Share Bazar) में ऑनलाइन निवेश कर सकते हैं। अब तो मोबाइल से शेयर बाजार में निवेश (Share Bazar Mein Invest) करने का तरीका लोकप्रिय हो रहा है।

Table of Contents

सेविंग्स अकाउंट, डीमैट एकाउंट और ट्रेडिंग अकाउंट: (Savings, Trading and Demat A/c)

जिस तरह से बैंकों से लेन-देन के लिए बैंक सेविंग्स अकाउंट की जरूरत होती है, उसी तरह शेयर बाजार (Share Bazar) में पैसे लगाकर पैसा कमाने के लिए तीन तरह के अकाउंट की जरूरत होती है- पहला, बैंक सेविंग्स अकाउंट, डीमैट अकाउंट और ट्रेडिंग अकाउंट। ये तीनों अकाउंट एक दूसरे से जुड़े रहते हैं।

याद रखें, बैंक में आप सीधे पैसे जमा करते हैं, लेकिन शेयर बाजार (Share Bazar) में आप ऐसा नहीं कर सकते हैं। इसके लिए आपको मार्केट रेगुलेटर सेबी और स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई, एनएसई) से पंजीकृत किसी ब्रोकर या एडवाइजरी (Sebi Registered Advisor)की मदद लेनी होगी। ऐसे ब्रोकर्स की लिस्ट आपको सेबी की वेबसाइट (www.sebi.gov.in) पर मिल जाएगी।

बैंक सेविंग्स अकाउंट तो आप सभी को मालूम होगा कि किसी बैंक में खुलवाना होता है, लेकिन बाकी के दो अकाउंट डीमैट और ट्रेडिंग अकाउंट कहां खुलवाना होगा, ये जानना भी जरूरी है। डीमैट और ट्रेडिंग काउंट खुलवाने से पहले उसके बारे में भी थोड़ा जान लें।

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ट्रेडिंग अकाउंट (Trading Account)

यह एक ऐसा खाता है, जिसमे निवेशक या ट्रेडर के शेयर बेचने के बाद मिला पैसा या फिर शेयर खरीदने के लिए जरूरी पैसा जमा होता है। यह अकाउंट कैसे काम करता है यह भी जान लें। सबसे पहले निवेशक या ट्रेडर अपने ट्रेडिंग अकाउंट में पैसा जमा करते है। उसके बाद वे जिस शेयर को खरीदना या बेचना चाहते हैं, उन शेयर का दाम देखते हैं। इसके बाद वे उस शेयर के दाम के हिसाब स्टॉक एक्सचेंज में निवेश के तरीके से खरीदने या बेचने का ऑर्डर रखते है। यह ऑर्डर स्टॉक एक्सचेंज यानी बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) या नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर पहुंचता है। इस ऑर्डर का काउंटर ऑर्डर मिल जाए तो यह ऑर्डर लागू हो जाता है।

अगर शेयर खरीदने का ऑर्डर रखा गया था, तो शेयर खरीदे जाते हैं। साथ ही, इसके पैसे लगने वाले टैक्स और चार्ज के साथ ट्रेडिंग अकाउंट में से कट जाते है और शेयर डीमैट अकाउंट में दो दिन में जमा हो जाते हैं। लेकिन अगर शेयर बेचने का ऑर्डर रखा होगा तो शेयर बेच दिए जाएंगे और उसका पैसा टैक्स और ब्रोकरेज काट कर ट्रेडिंग अकाउंट में जमा कर दिया जाएगा। इस तरह ट्रेडिंग अकाउंट काम करता है।

अब बात आती है डीमैट अकाउंट की (Demat Account)

पहले शेयर को पेपर फॉर्म में रखा जाता था लेकिन अब ऐसा नहीं है। अब इसे इलेक्ट्रॉनिक फॉर्म या डीमैटेरियलाइज्ड फॉर्म में रखा जाता है। डीमैटेरियलाइज्ड को ही संक्षेप में डीमैट कहते हैं। इस तरह शेयर को जिस अकाउंट में इलेक्ट्रॉनिक फॉर्म में रखा जाता है, उसे डीमैट अकाउंट कहते हैं। शेयरों की खरीद-बिक्री के लिए डीमैट अकाउंट जरूरी है। डीमैट अकाउंट से म्युचुअल फंड, करंसी और कमोडिटी डेरिवेटिव्ज, एनसीडी, सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड, सरकारी प्रतिभूति (जी-सेक) आईपीओ, एफपीओ वगैरह भी खरीद -बिक्री कर सकते हैं।

अब बात बैंक अकाउंट की (Bank Account)

शेयर बाजार Share Bazar में कारोबार के लिए आपके पास बैंक सेविंग्स अकाउंट भी होना जरूरी है, ताकि शेयरों की बिक्री से मिलने वाली रकम या शेयर खरीदने के लिए पैसों का भुगतान किया जा सके। कंपनियां अपने निवेशकों को डिविडेंड का भुगतान भी उसी बैंक अकाउंट में ट्रांसफर करती हैं। कई ब्रोकर्स अपने ग्राहकों को तीनों अकाउंट की सुविधा देते हैं।

Invest in US Stock Market: जानें घर बैठे कैसे करें Meta, Netfilx और Twitter के शेयरों में निवेश और क्‍या हैं इसके नफा-नुकसान

Investment in US Stocks: आप घर बैठे अमेरिकी शेयर बाजार में निवेश कर सकते हैं. इसके लिए आप म्‍युचुअल फंडों के एक्‍सचेंज ट्रेडेड फंडों का सहारा भी ले सकते हैं.

By: ABP Live | Updated at : 06 Oct 2022 04:28 PM (IST)

अमेरिकी बाजार में कैसे करें निवेश

Investment in US Stock Market: भारत में निफ्टी 50 से इस बात का मोटा-मोटा अनुमान लग जाता है कि घरेलू शेयर बाजार की दिशा क्या है. निफ्टी 50 में फ्री फ्लोटिंग मार्केट कैप वाली 50 शीर्ष कंपनियों शामिल हैं. अमेरिका में मार्केट किस ओर जा रहा है, इसका अंदाजा ‘डाउ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज’ या डाउ, न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज पर सबसे ज्यादा ट्रेडेड 30 अमेरिकी शेयरों की सूची और NASDAQ से लगता है. अमेरिका दुनिया की सबसे बड़ी इकोनॉमी है और डाउ के साथ भी ऐसा ही है और इनका भारत के स्टॉक मार्केट पर बहुत अधिक असर देखने को मिलता है. ऐसे में पोर्टफोलियो डाइवर्सिफिकेशन या भारतीय शेयर बाजारों को लेकर बेहतर अनुमान लगाने के लिए अमेरिकी शेयरों में कुछ निवेश करना अहम हो जाता है. आइए, हम इससे जुड़ी कुछ बुनियादी बातों के बारे में जानते हैं.

अमेरिकी में निवेश की ‘एबीसी’

आइए सबसे पहले ये जानते हैं कि अमेरिका में निवेश करने के अलग-अलग क्या रास्ते हैं जिससे जटिल लग रही प्रक्रिया आसानी से समझ में आ जाएगी. इसके बाद फायदों के बारे में जानकारी हासिल करेंगे और उसके बाद अमेरिका में निवेश के लिए उन जरूरी सूचनाओं पर बात करेंगे जो आपके लिए जानना जरूरी है. यह कुछ इस प्रकार आगे बढ़ता है:

  • अप्रोच (तरीका)
  • बेनिफिट्स (फायदे)
  • कंडीशन्स (परिस्थितियां)

भारत से अमेरिका में निवेश के लिए आप अलग-अलग तरीके अपना सकते हैं. फिनोलॉजी वेंचर्स के सीईओ प्रांजल कामरा कहते हैं कि अमेरिकी शेयर बाजार में दो तरह से निवेश किया जा सकता है. प्रत्‍यक्ष निवेश और अप्रत्‍यक्ष निवेश.

प्रत्यक्ष निवेश (Direct Investment): कामरा कहते हैं कि आप सीधे अमेरिकी स्टॉक में निवेश कर सकते हैं और यूएस ब्रोकरेज अकाउंट में शेयर होल्ड कर सकते हैं. नए जमाने के ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म्‍स और स्टॉक ब्रोकर्स न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज (NYSE), NASDAQ और AMEX (अमेरिकी स्टॉक एक्सचेंज) जैसे प्रमुख एक्सचेंज में रियल टाइम में ट्रेडिंग करने की सहूलियत देते हैं. आपको अपने इंवेस्टमेंट को ट्रैक करना चाहिए और स्टॉक की एनालिसिस करनी चाहिए.

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ETFs या एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स: उन्‍होंने कहा कि आप निरंतर रिटर्न पाने के लिए यूएस ईटीएफ में इंवेस्ट कर सकते हैं. ये ईटीएफ इंडेक्स में शामिल पोर्टफोलियो को समान वेट के साथ रेप्लिकेट करते हैं.

म्यूचुअल फंड्स: कामरा कहते हैं कि अगर आप अपने शेयरों के परफॉर्मेंस और मार्केट में उतार-चढ़ाव को ट्रैक नहीं करना चाहते हैं तो आप म्यूचुअल फंड्स में निवेश कर सकते हैं. ये फंड्स मार्केट के उतार-चढ़ाव के विश्लेषण और पोर्टफोलियो मैनेज करने के लिए फंड मैनेजर्स की नियुक्ति करते हैं. म्यूचुअल फंड्स स्टॉक, बॉऩ्ड और डेट में थोड़ा-थोड़ा निवेश करते हैं. म्यूचुअल फंड्स इस तरह की सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए एक्सपेंस रेशियो या एक्जिट लोड के रूप में आम तौर पर एक फीस लेते हैं.

एक्सिस म्‍यूचुअल फंड ने लॉन्‍च किया एक्सिस NASDAQ 100 FoF

एक्सिस म्‍यूचुअल फंड ने एक्सिस NASDAQ 100 फंड ऑफ फंड (FoF) लॉन्‍च किया है. यह एक ओपन एंडेड फंड ऑफ फंड स्‍कीम है जो NASDAQ 100 TRI के प्रदर्शन को ईटीएफ में निवेश के जरिये ट्रैक करेगा. एक्सिस के इस फंड के नए फंड ऑफर के दौरान न्‍यूनतम 500 रुपये का निवेश कर सकते हैं. इस फंड के फंड मैनेजर हितेश दास हैं.

क्‍यों करें अमेरिकी शेयर बाजार में निवेश?

  • मेटा, माइक्रोसॉफ्ट, अमेजन, नेटफ्लिक्स जैसी दिग्गज टेक कंपनियों और कई अन्य ग्लोबल कंपनियों के लिस्ट होने की वजह से अमेरिकी स्टॉक मार्केट एक व्यवहार्य विकल्प बन जाता है और यहां निवेशकों को सबसे ज्यादा एक्सपोजर भी मिलता है.
  • रुपये के मुकाबले डॉलर के मजबूत होने से भी यूएस स्टॉक की वैल्यू बढ़ जाती है.
  • डाइफर्सिफिकेशन से जुड़ी संभावनाएं
  • पिछले 10 साल के दौरान डाउ ने सेंसेक्स के तीन साल, पांच साल और यहां तक कि 10 साल के मुकाबले ज्यादा रिटर्न दिया है.
  • संकट के समय अमेरिकी डॉलर को भारतीय रुपया से ज्यादा स्थिर और सेफ समझा जाता है.
  • ये यूएस स्टॉक्स में निवेश के फायदे हैं. एक निवेशक के तौर पर आपको अमेरिका में निवेश से पहले अपनी जरूरतों, टैक्स और स्कीम्स को समझना चाहिए.

प्रांजल कामरा कहते हैं कि नई पीढ़ी के ऐप्स ने अमेरिका में निवेश को काफी आसान बना दिया है. फॉरेक्स जैसे महंगे वायर ट्रांसफर एवं ट्रांसफर चार्जेज की जगह अब बहुत सस्ते ‘डायरेक्ट ट्रांसफर्स’ की सुविधा उपलब्ध है जो स्टेट बैंक ऑफ मॉरीशस जैसे बैंकों के जरिए होता है. आपके ब्रोकर इसमें मदद करते हैं और आपका यह काम बिना किसी दिक्कत, बिना किसी ट्रांसफर या फॉरेक्स चार्ज के भुगतान के हो जाता है.

इससे इतर कुछ ब्रोकर्स जीरो कमीशन और अनलिमिटेड इंवेस्टिंग पर काम कर रहे हैं. यूएस मार्केट में निवेश करना प्रायः बहुत जटिल मालूम पड़ता है. हालांकि, विश्वसनीय प्लेटफॉर्म के सपोर्ट और प्रैक्टिस से आप अमेरिका में निवेश के अपने स्किल को निश्चित रूप से मांज सकते हैं और भारत में कहीं भी बैठकर ऐसा कर सकते हैं. ग्लोबल इंवेस्टिंग पर एनालिस्ट्स की चर्चाओं को सुनकर, आर्टिकल्स और केस स्टडीज को पढ़कर आप अप-टु-डेट रह सकते हैं.

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Published at : 06 Oct 2022 04:06 PM (IST) Tags: Mutual Funds ETF Meta Investment in US Market Benefits of Investment in US Stocks Exchange Traded Funds हिंदी समाचार, ब्रेकिंग न्यूज़ हिंदी में सबसे पहले पढ़ें abp News पर। सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट एबीपी न्यूज़ पर पढ़ें बॉलीवुड, खेल जगत, कोरोना Vaccine से जुड़ी ख़बरें। For more related stories, follow: Business News in Hindi

शेयर बाजार में पहली बार निवेश करने से पहले जान लें इन 8 बातों को

सही कौशल (Skill) और ज्ञान (Knowledge) के साथ शेयर बाजार (Stock Exchange) संपत्ति बनाने की एक बड़ी संभावना हो सकती है। स्टॉक निवेश (Stock Investment) से असाधारण रिटर्न अर्जित करने वाले लोगों की कहानियां सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं। यदि आप अपने निवेश पर उच्च रिटर्न के लिए इक्विटी में निवेश करने के बारे में सोच रहे हैं, तो आपको केवल इन महत्वपूर्ण सबक का पालन करना होगा।

know these 8 things before investing in the stock market for the first time

शेयर बाजार में पहली बार निवेश करने से पहले जान लें इन 8 बातों को

रस्सी पर चलना सीखना होगा- बेसिक्स समझने होंगे

यह एक यूनिवर्सल नियम है। कुछ नया करने के लिए, बेसिक्स को जानना आवश्यक है। निवेश करना कोई अपवाद नहीं है। सबसे पहले, आपको अप्रेंटिस बनना होगा। वह हर आवश्यक चीज सीखनी होगी, जो सीखना आवश्यक है, क्योंकि ‘नॉलेज ही पॉवर है’। इस बीच, स्टॉक मार्केट, निवेश, और अन्य फाइनेंशियल कंसेप्ट्स के बेसिक्स सीखने के लिए आपको कई सारी जानकारियां जुटानी होंगी। इसमें इंटरनेट आपकी मदद करेगा। आपका डीमैट अकाउंट ऑपरेट करने वाले ब्रोकर से आप पर्याप्त जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

जानें कि कब और कैसे करें अपनी चाल चलना है - परफेक्ट टाइमिंग ही है कुंजी

जब बात निवेश की आती है, तो सही समय ही सब कुछ है। अच्छा आरओआई (Return on Investment) अर्जित करने का आपका मौका ही उस पर टिका है। कहते हैं कि बाजार जब अपने निचले स्तर पर कारोबार कर रहे हो, तभी प्रवेश करने का सही समय होता है। इसी तरह, जब आप बाहर निकलें तब कीमतें अपने चरम पर होनी चाहिए। लेकिन, हमेशा याद रखें, आपको स्टॉक में पैसा लगाने से पहले तय करना होगा कि उसका चरम क्या होगा। उदाहरण के लिए, यदि आपने किसी विशेष स्टॉक पर 15% रिटर्न का लक्ष्य रखा है, तो उस समय लालची कतई न बनें। इसी तरह का नियम घाटे पर भी लागू होता है। यदि आपको अपने पसंदीदा स्टॉक पर 5% नुकसान का जोखिम उठाने की क्षमता है तो उस स्तर पर इसे बेचने के बारे में दो बार न सोचें।

निवेश से पहले एनालिस्ट की रिपोर्ट देखें - निर्णय बेहतर होगा

जिन कंपनियों में आप निवेश करना चुनते हैं, उनके बारे में उचित विकल्प चुनना आवश्यक है। आप हर्ड मानसिकता के साथ मिलकर अपने कदम सुरक्षा के साथ आगे बढ़ सकते हैं। इसके लिए आप पेशेवर ट्रेडर्स और एनालिस्ट की रिपोर्टों को देख सकते हैं। हालांकि, यह नजरिया आपको बाजार के कामकाज पर पकड़ बनाने में मदद कर सकता है। फिर भी आपको निवेश का निर्णय लेने से पहले विवेक का इस्तेमाल करना होगा।

अफवाहों से बचें - यह बेहतर रिटर्न कमाने में मदद करेगा

कई बार, शॉर्ट-टर्म में बाजार और प्रोफेशनल ट्रेडर तत्काल अफवाहों और समाचार के कई स्रोतों के आधार पर व्यवहार करते हैं जो स्टॉक के वास्तविक मूल्य को प्रतिबिंबित नहीं करते। इस तरह की सलाह सोशल मीडिया पर खूब मिलते हैं। एक निवेशक के रूप में आपको यह समझने के लिए लुभाया जा सकता है कि बाकी सभी क्या कर रहे हैं। लेकिन अगर आप, बाजारों और सेक्टर की अपनी समझ से स्टॉक पर लॉन्ग-टर्म अप्रौच लेने में सक्षम हैं, तो यह आपको दूसरों की तुलना में बेहतर रिटर्न कमाने में मदद करेगा।

निवेश राशि सुनिश्चित करें- यह आपके एक्सपोजर को बताएगा

यह जानना आवश्यक है कि आप इक्विटी में अपने लिए कितना एक्सपोजर चाहते हैं। यदि आप एक युवा निवेशक हैं, और आपके पास कम से कम 30 साल की वर्क-लाइफ है, तो लॉन्ग-टर्म निवेश के लिए अधिक पैसा लगाएं। आप विभिन्न सेक्टरों से संबंधित शेयरों का बड़ा पोर्टफोलियो बना सकते हैं। हालांकि, यदि आपने अपने 50 के दशक में शेयर बाजार में प्रवेश किया है, तो याद रखें, सावधानी स्टॉक एक्सचेंज में निवेश के तरीके रखना बेहद अहम है। स्थिर रिटर्न देने के इतिहास वाले शेयरों पर ही अपना दांव लगाएं।

अपनी गलतियों से सीखें - त्रुटियों से निराश न हों

अपने पोर्टफोलियो की समीक्षा करें और अपनी गलतियों को नियमित रूप से पहचानें। यह एक्शन आपको भविष्य में वही गलतियां करने से बचने में मदद करेगी। इसके अलावा, अधिक अनुभव प्राप्त करने के लिए, आपको विभिन्न क्षेत्रों में निवेश करना चाहिए और उस एंटरप्राइज से जितना हो सके उतना सीखना चाहिए। कहते हैं कि अनुभवी पेशेवर भी गलतियां करते हैं। जब आप कोई त्रुटि करते हैं तो निराश न हों। निरंतर सीखना यात्रा का एक हिस्सा है। हर गलती अनुभवी निवेशक बनने की ओर एक कदम है।

अपने वित्तीय लक्ष्यों के बारे में स्पष्ट रहें - शॉर्ट-टर्म या लॉन्ग-टर्म?

निवेश करते समय, आपको अपने लक्ष्य और उस धन को वापस निकालने को लेकर भविष्य में संभावित समय के बारे में स्पष्टता होना चाहिए। यदि आप अपेक्षाकृत कम वर्षों में अपना आरओआई चाहते हैं, तो आपको कम स्टॉक एक्सचेंज में निवेश के तरीके अस्थिर शेयरों में निवेश करना होगा। लेकिन, यदि आप एक लॉन्ग-टर्म योजना बना रहे हैं, जैसे आपके बच्चों की विदेश शिक्षा या ड्रीम होम खरीदना, तो आपको उसके अनुसार निवेश करना होगा।

अपनी व्यक्तिगत जरूरत और वरीयता को जानें

एक निवेशक के रूप में आपको क्षेत्रों और शेयरों पर अंतिम फैसले से पहले अपनी व्यक्तिगत जरूरतों और वरीयताओं के बारे में जानना होगा। आप देखें, सभी कंपनियां लाभदायक नहीं हैं। उस कारण से आपको बहुत समझदारी से चयन करना होगा, और सूचित निर्णय लेना महत्वपूर्ण है। यदि आप पर्याप्त मेहनत के साथ रिसर्च करते हैं, तो निश्चित ही आप एक शानदार शुरुआत कर सकेंगे। यह आपको शेयर बाजार में निवेश के संबंधित जोखिमों को कम करने और विजेता के रूप में सामने आने में मदद करेगा।

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क्या आपको भारतीय स्टॉक मार्केट में निवेश करने के इन फायदों के बारे में पता है?

Stock Market Investment शेयरों का स्वामित्व आपको वोटिंग अधिकार प्रदान करता है और आपको डिविडेंट बोनस इत्यादि प्राप्त होते है। साथ ही आपकी ग्राोथ भी कंपनी के भविष्य में होने वाली ग्रोथ की रफ्तार पर निर्भर करती है।

नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। स्टॉक और स्टॉक मार्केट, ये शब्द तो आपने सुने ही होंगे। लेकिन क्या आपको इनके बारे में पूरी जानकारी है? क्या आपको इनके फायदे के बारे में पता है? क्या आप यह जानते हैं कि इसमें सही तरीके से निवेश करके कोई भी आम इंसान अच्छा खासा घर बैठे- बिठाए मुनाफा कमा सकता है।

वैसे तो हम सभी को यह मालूम है कि निवेश या बचत करने का प्राथमिक उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि हर व्यक्ति अपने भविष्य के वित्तीय उद्देश्यों मजबूती के साथ पूरा कर सके। हालांकि यह भी कही हद तक सच ही है कि मुद्रास्फीति में वृद्धि से आम लोगों के लिए साधारण ढंग से कमाना और अपनी आय के कुछ हिस्से को बचा पाना अपर्याप्त हो गया है। फिर भी हमें अपने फ्यूचर को सुरक्षित करने के लिए बचत करना जरूरी हो जाता है। इसके लिए स्टॉक में निवेश करना महत्वपूर्ण हो जाता है, जोकि बड़ा फायदेमंद भी साबित होता है। आईए, इस लेख में स्टॉक व उनके बारे में बारीकी से समझते हैं।

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पहले समझें शेयर मार्केट के फायदे के बारे में-

कम समय में अधिक रिटर्न की प्रबल संभावना

अगर आप भी कम समय में अधिक पैसे कमाने चाहते हैं या अपने पैसे का सही उपयोग करना चाहते हैं तो शेयर मार्केट सबसे सटीक जगह है। इस मार्केट में इन्वेस्टमेंट का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें बैंक एफडी, बचत खाते आदि जैसे अन्य इन्वेस्टमेंट की तुलना में थोड़े समय में ही अधिक रिटर्न जेनरेट करने की क्षमता होती है।

कंपनी में हिस्सेदारी

जब आप पब्लिक लिस्टेड स्टॉक एक्सचेंज में निवेश के तरीके कंपनी के शेयर खरीदते हैं तो इसमें आपके शेयर का आकार कितना भी छोटा क्यों न हो, यह आपको कंपनी पर नियंत्रण प्रदान करता है। शेयरों का यह स्वामित्व आपको वोटिंग अधिकार प्रदान करता है और आपको डिविडेंट, बोनस इत्यादि प्राप्त होते है। साथ ही आपकी ग्राोथ भी कंपनी के भविष्य में होने वाली ग्रोथ की रफ्तार पर निर्भर करता है।

हाई लिक्विडिटी

अन्य इन्वेस्टमेंट के विपरीत, शेयरों में कोई लॉक-इन अवधि नहीं होती है। इन्वेस्टर सेकंड के भीतर स्टॉक एक्सचेंजों के माध्यम से शेयरों को खरीद और बेच सकते हैं।

सेबी द्वारा अधिकारों को संरक्षित किया जाना

स्टॉक मार्केट को भारतीय सिक्योरिटी और एक्सचेंज बोर्ड (SEBI) द्वारा रेगुलेट किया जाता है। सेबी सख्ती से शेयरधारकों की सुरक्षा के लिए ब्रोकर, सब ब्रोकर, एडवाइजर और स्टॉक एक्सचेंज जैसे मार्केट पार्टिसिपेंट की निगरानी करता है।

टैक्स में मिलते हैं कई तरह के लाभ

लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन जैसे 12 महीने से अधिक समय तक ₹1 लाख रुपये से अधिक की इन्वेस्टमेंट पर 10% टैक्स लगता है। शॉर्ट-टर्म कैपिटल गेन्स जैसे 12 महीने से कम समय के लिए की गई इन्वेस्टमेंट पर 15% + 3% सेस लगता है। किसी भी पूंजीगत नुकसान को आठ फाइनेंशियल वर्षों तक ऑफसेट या आगे बढ़ाया जा सकता है।

शेयर बाजार में स्टॉक एक्सचेंज में निवेश के तरीके पहली बार निवेश करने से पहले जान लें इन 8 बातों को

सही कौशल (Skill) और ज्ञान (Knowledge) के साथ शेयर बाजार (Stock Exchange) संपत्ति बनाने की एक बड़ी संभावना हो सकती है। स्टॉक निवेश (Stock Investment) से असाधारण रिटर्न अर्जित करने वाले लोगों की कहानियां सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं। यदि आप अपने निवेश पर उच्च रिटर्न के लिए इक्विटी में निवेश करने के बारे में सोच रहे हैं, तो आपको केवल इन महत्वपूर्ण सबक का पालन करना होगा।

know these 8 things before investing in the stock market for the first time

शेयर बाजार में पहली बार निवेश करने से पहले जान लें इन 8 बातों को

रस्सी पर चलना सीखना होगा- बेसिक्स समझने होंगे

यह एक यूनिवर्सल नियम है। कुछ नया करने के लिए, बेसिक्स को जानना आवश्यक है। निवेश करना कोई अपवाद नहीं है। सबसे पहले, आपको अप्रेंटिस बनना होगा। वह हर आवश्यक चीज सीखनी होगी, जो सीखना आवश्यक है, क्योंकि ‘नॉलेज ही पॉवर है’। इस बीच, स्टॉक मार्केट, निवेश, और अन्य फाइनेंशियल कंसेप्ट्स के बेसिक्स सीखने के लिए आपको कई सारी जानकारियां जुटानी होंगी। इसमें इंटरनेट आपकी मदद करेगा। आपका डीमैट अकाउंट ऑपरेट करने वाले ब्रोकर से आप पर्याप्त जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

जानें कि कब और कैसे करें अपनी चाल चलना है - परफेक्ट टाइमिंग ही है कुंजी

जब बात निवेश की आती है, तो सही समय ही सब कुछ है। अच्छा आरओआई (Return on Investment) अर्जित करने का आपका मौका ही उस पर टिका है। कहते हैं कि बाजार जब अपने निचले स्तर पर कारोबार कर रहे हो, तभी प्रवेश करने का सही समय होता है। इसी तरह, जब आप बाहर निकलें तब कीमतें अपने चरम पर होनी चाहिए। लेकिन, हमेशा याद रखें, आपको स्टॉक में पैसा लगाने से पहले तय करना होगा कि उसका चरम क्या होगा। उदाहरण के लिए, यदि आपने किसी विशेष स्टॉक पर 15% रिटर्न का लक्ष्य रखा है, तो उस समय लालची कतई न बनें। इसी तरह का नियम घाटे पर भी लागू होता है। यदि आपको अपने पसंदीदा स्टॉक पर 5% नुकसान का जोखिम उठाने की क्षमता है तो उस स्तर पर इसे बेचने के बारे में दो बार न सोचें।

निवेश से पहले एनालिस्ट की रिपोर्ट देखें - निर्णय बेहतर होगा

जिन कंपनियों में आप निवेश करना चुनते हैं, उनके बारे में उचित विकल्प चुनना आवश्यक है। आप हर्ड मानसिकता के साथ मिलकर अपने कदम सुरक्षा के साथ आगे बढ़ सकते हैं। इसके लिए आप पेशेवर ट्रेडर्स और एनालिस्ट की रिपोर्टों को देख सकते हैं। हालांकि, यह नजरिया आपको बाजार के कामकाज पर पकड़ बनाने में मदद कर सकता है। फिर भी आपको निवेश का निर्णय लेने से पहले विवेक का इस्तेमाल करना होगा।

अफवाहों से बचें - यह बेहतर रिटर्न कमाने में मदद करेगा

कई बार, शॉर्ट-टर्म में बाजार और प्रोफेशनल ट्रेडर तत्काल अफवाहों और समाचार के कई स्रोतों के आधार पर व्यवहार करते हैं जो स्टॉक के वास्तविक मूल्य को प्रतिबिंबित नहीं करते। इस तरह की सलाह सोशल मीडिया पर खूब मिलते हैं। एक निवेशक के रूप में आपको यह समझने के लिए लुभाया जा सकता है कि बाकी सभी क्या कर रहे हैं। लेकिन अगर आप, बाजारों और सेक्टर की अपनी समझ से स्टॉक पर लॉन्ग-टर्म अप्रौच लेने में सक्षम हैं, तो यह आपको दूसरों की तुलना में बेहतर रिटर्न कमाने में मदद करेगा।

निवेश राशि सुनिश्चित करें- यह आपके एक्सपोजर को बताएगा

यह जानना आवश्यक है कि आप इक्विटी में अपने लिए कितना एक्सपोजर चाहते हैं। यदि आप एक युवा निवेशक हैं, और आपके पास कम से कम 30 साल की वर्क-लाइफ है, तो लॉन्ग-टर्म निवेश के लिए अधिक पैसा लगाएं। आप विभिन्न सेक्टरों से संबंधित शेयरों का बड़ा पोर्टफोलियो बना सकते हैं। हालांकि, यदि आपने अपने 50 के दशक में शेयर बाजार में प्रवेश किया है, तो याद रखें, सावधानी रखना बेहद अहम है। स्थिर रिटर्न देने के इतिहास वाले शेयरों पर ही अपना दांव लगाएं।

अपनी गलतियों से सीखें - त्रुटियों से निराश न हों

अपने पोर्टफोलियो की समीक्षा करें और अपनी गलतियों को नियमित रूप से पहचानें। यह एक्शन आपको भविष्य में वही गलतियां करने से बचने में मदद करेगी। इसके अलावा, अधिक अनुभव प्राप्त करने के लिए, आपको विभिन्न क्षेत्रों में निवेश करना चाहिए और उस एंटरप्राइज से जितना हो सके उतना सीखना चाहिए। कहते हैं कि अनुभवी पेशेवर भी गलतियां करते हैं। जब आप कोई त्रुटि करते हैं तो निराश न हों। निरंतर सीखना यात्रा का एक हिस्सा है। हर गलती अनुभवी निवेशक बनने की ओर एक कदम है।

अपने वित्तीय लक्ष्यों के बारे में स्पष्ट रहें - शॉर्ट-टर्म या लॉन्ग-टर्म?

निवेश करते समय, आपको अपने लक्ष्य और उस धन को वापस निकालने को लेकर भविष्य में संभावित समय के बारे में स्पष्टता होना चाहिए। यदि आप अपेक्षाकृत कम वर्षों में अपना आरओआई चाहते हैं, तो आपको कम अस्थिर शेयरों में निवेश करना होगा। लेकिन, यदि आप एक लॉन्ग-टर्म योजना बना रहे हैं, जैसे आपके बच्चों की विदेश शिक्षा या ड्रीम होम खरीदना, तो आपको उसके अनुसार निवेश करना होगा।

अपनी व्यक्तिगत जरूरत और वरीयता को जानें

एक निवेशक के रूप में आपको क्षेत्रों और शेयरों पर अंतिम फैसले से पहले अपनी व्यक्तिगत जरूरतों और वरीयताओं के बारे में जानना होगा। आप देखें, सभी कंपनियां लाभदायक नहीं हैं। उस कारण से आपको बहुत समझदारी से चयन करना होगा, और सूचित निर्णय लेना महत्वपूर्ण है। यदि आप पर्याप्त मेहनत के साथ रिसर्च करते हैं, तो निश्चित ही आप एक शानदार शुरुआत कर सकेंगे। यह आपको शेयर बाजार में निवेश के संबंधित जोखिमों को कम करने और विजेता के रूप में सामने आने में मदद करेगा।

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